हनी की ट्रैपिंग एमपी में (पार्ट-2)

Share on facebook
Share on twitter
Share on google
Share on pinterest
Share on telegram
Share on whatsapp
Share on email

ऐसा नहीं था कि कोई किसी का फायदा उठाने में किसी से कम था. पुलिस ने बताया कि इंजीनियर हरभजन भी ठेके दिलाने का वायदा कर आरती के साथ संबंध बनाते रहे. लेकिन आनंद की लहरों में हिचकोले लेते हुए उनको कभी पता नहीं चला कि वे एक फिल्म के हीरो भी हैं और वो फिल्म उनके गुप्त जीवन पर शूट हो रही है.

इस तरह सब कुछ योजना के मुताबिक़ दोनों तरफ से चलता रहा. जब आरती की योजना का दूसरा कदम तय होगया याने कि वीडियो बन गया तो तीसरा और सबसे अहम कदम उठाने का वक्त आ गया.

आरती ने हरभजन को कॉल किया और उसे खुश खबरी दी कि आपकी फिल्म बन कर पूरी हो गई है. और अब रिलीज़ के लिए तैयार है. आप चाहें तो रिलीज़ रुकवा भी सकते हैं लेकिन उसके लिए अन-डिस्ट्रीब्यूशन फीस होगी -तीन करोड़ रुपये.

हरभजन को अपने कानों पर विश्वास नहीं हुआ. उसकी मासूम प्रेमिका इतनी फरेबी हो सकती है, वह सोच भी नहीं सकता था. चक्कर आ गए. कुछ लम्हों बाद जब होश आया तो समझ आया उसे कि उसको ब्लैकमेल किया जा रहा है. हैरान-परेशान हरभजन ने आरती से कहा- मेरे पास तीन करोड़ रुपये नहीं हैं.

आरती को मजबूरन श्वेता को फोन करना पड़ा. उसने श्वेता से कहा कि बकरा रकम कम कराना चाहता है. बोलता है की पैसा नहीं है पूरा. श्वेता को पहले तो गुस्सा आया फिर बाद में ठंडे दिमाग से सोच कर उसने पैसा कम करने का फैसला लिया और आरती को फोन किया कि उसको बोल दो करोड़ दे दे.

आरती ने अपनी बॉस का फरमान अपने शिकार को सुनाया और वहां से निकल गई. हरभजन गिरते पड़ते अपने घर पहुंचा और पैसे के इंतज़ाम के बारे में सोचने लगा. उसे ज़रा भी भनक नहीं थी कि इस खेल में आरती के ऊपर श्वेता भी शामिल है याने कि आरती की बॉस और कोई नहीं श्वेता ही है.

मामला लेकिन उलटा पड़ जाएगा ये इन दोनों सुंदरियों को भी पता नहीं था. वास्तव में पैसा कम न पड़ जाता तो पैसा देने में हरभजन कोई गुरेज न करता. लेकिन उसे अपनी इज्जत को दांव पर लगाना ही पड़ा क्योंकि रकम शायद उसकी पहुँच की सरहद के उस पार थी.

पहले तो अपनी सारी कोशिशें कर के देख लीं हरभजन ने लेकिन इस दलदल से पार नकलने का कोई रस्सा उसके हाथ न आया. उसने पहले तो आरती के हाथ-पैर जोड़े, माफी मांगी और पैसे और कम करने को कहा. उसे पता था कि माफी पैसे की तो मिलने से रही, हाँ शायद कम हो सकती है. उसने आरती को बताया कि सारे नाते-रिश्तेदारों औऱ मित्रों से उसने पैसों का इन्तजाम करने कोशिश कर ली है पर इतनी बड़ी रकम की व्यवस्था कहीं से नहीं हो पा रही है.

आरती ने उसकी एक न सुनी और आखिर उसको एक फाइनल डेट दे दी. उसने हरभजन को इतना डरा दिया था कि हरभजन को लगा कि पैसे सचमुच न दिये तो ये वीडियो वाइरल होने से कोई न रोक पायेगा और मैं जीते जी मर जाउंगा..

(क्रमशः)

ट्रेंडिंग

काम की खबरें

देश

विदेश

मनोरंजन

राजनीति