सिद्धू के बिगड़े बोल का हिसाब रख रहा है चुनाव आयोग फिर क्यों ले रहे हैं पीएम से पंगा?

Courtesy-twitter
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राजनीति की पिच पर सिद्धू दोनों छोर से गेंदबाजी के लिए जाने जाते हैं. गेंदबाजी इसलिए क्योंकि बल्लेबाजी करते वक्त वो दो दफे आउट हो चुके हैं..

सिद्धू पहली दफे तब आउट हुए थे जब वो टीम इंडिया के सदस्य थे. तब उन्हें तत्कालीन कप्तान मोहम्मद अजहरूद्दीन ने आउट कर दिया था. दूसरी दफे वो तब आउट हुए जब राजनीति के खेल में वो टीम बीजेपी में थे. बीजेपी से बड़े बेआबरू होकर सिद्धू रनआउट हुए थे. वो बिना कोई गेंद खेले ही मार्कंडिंग का शिकार हुए थे.

लेकिन उन्हें कांग्रेस ने अपनी टीम के लिए खरीद लिया. फिर जब से सिद्धू कांग्रेस के हुए तो वो अपने पुरान बयान- कांग्रेस देश को सोनिया की चिड़िया बनाना चाहती है से ऐसे पलटे कि अब कह रहे हैं कि एक गलत वोट आपके बच्चों को चायवाला, पकौड़ेवाला या चौकीदार बना सकता है.

सिद्धू ने ये संदेश जनहित में नहीं बल्कि राजनीति के हित में ट्वीटर के जरिए जारी किया है. सिद्धू उवाच और सिद्धू वाणी जैसे संज्ञा-सर्वनाम-विशेषण से सुसज्जित और लैस सिद्धू ने पीएम मोदी पर अपनी भड़ास निकाली है. हालांकि उन्होंने ट्वीट पर किसी का नाम नहीं लिया लेकिन सिद्धू के ये स्ट्रेट ड्राइव इशारा कर रहा है कि वो किसे हिट करना चाहते थे. बिना नाम लिए सिद्धू ने चौकीदार कह कर पीएम मोदी पर महला किया है.

पीएम मोदी सबके निशाने पर हैं. राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, ममता बनर्जी, चंद्रबाबू नायडू, अखिलेश यादव, मायावती, कांग्रेस की तिकड़ी यानी शशि थरूर-दिग्विजय सिंह-मणिशंकर अय्यर, बीजेपी के बागी और कांग्रेस के हमराही यानी नवजोत सिद्धू-शत्रुघ्न सिन्हा जैसे तमाम चेहरे मोदी को पानी पी-पी कर कोसने में प्रचार पूरा समझते हैं. सिद्धू ने चुनाव प्रचार के वक्त पीएम मोदी के लिए कहा, ‘मच्छर को कपड़े पहनाना, हाथी को गोद में झुलाना और तुमसे सच बुलवाना असंभव है नरेंद्र मोदी.’

सिद्धू के सत्संग में पीएम मोदी को लेकर विवादास्पद बयान तो चुनाव के वोटों को लेकर सांप्रदायिक बयान उनके प्रतिशोध की कहानी कह रहे हैं. नामालूम ये वजह इतनी निजी और अदावत से भरी हुई क्यों है कि सिद्धू सिर्फ मोदी का नुकसान करने के लिए अपना भी बड़ा नुकसान करने का इंतजाम कर रहे हैं.

भोपाल में उन्होंने जो कहा उसने मंच पर बैठे दिग्विजय सिंह को भी हिला कर रख दिया. सिद्धू ने कहा कि  अगर नरेंद्र मोदी फिर से पीएम बन गए तो हिंदुस्तान खत्म हो जाएगा.

 इससे पहले सिद्धू ने बिहार में चुनाव प्रचार के वक्त सांप्रदायिक रंग दिया. कटिहार में कांग्रेस उम्मीदवार की रैली में उन्होंने मुस्लिम समुदाय से एकपक्ष होकर वोट देने की अपील की. सिद्धू ने कहा, ‘मैं अपने मुस्लिम भाइयों को एक ही बात कहने आया हूं कि अगर आप इकट्ठे हो गए तो छक्का लग जाएगा…ऐसा छक्का मारो कि मोदी को यहां बाउंड्री से पार होना पड़े.’

सिद्धू के बयान के बाद चुनाव आयोग हरकत में आया. चुनाव आयोग ने सिद्धू पर 72 घंटे का बैन लगा दिया. लेकिन बैन के बाद सिद्धू जैसे बिगड़े बोल से भरा बक्सा ही उठा लाए.

अब सवाल ये उठता है कि सिद्धू के विवादित बयानों के बाद क्या चुनाव आयोग फिर कोई कार्रवाई करेगा? हालांकि बीजेपी के बड़े नेता लगातार सिद्धू और शत्रुघ्न सिन्हा के बयानों पर कोई तीखी प्रतिक्रिया करने से बचते रहे हैं.ये पार्टी की रणनीति का भी हिस्सा हो सकता है जिसकी वजह से सिद्धू ज्यादा बेचैन हो रहे हैं.

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