कोरोना की तीसरी लहर का अटैक बच्चों पर? अमेरिका में एक हफ्ते में 1.33 बच्चों में कोरोना से हड़कंप, भारत के लिए खतरे की घंटी

कोरोना का नया वेरिएंट ओमिक्रॉन बच्चों के लिए खतरनाक. अमेरिका में एक हफ्ते में 1.33 लाख बच्चे हुए संक्रमित, भारत के लिए भी खतरे की घंटी.

Omicron Varinat Impact on Children and Corona Third Wave: कोरोना का ओमिक्रॉन वैरिएंट दुनिया के अब तक 57 देशों में अपने पैर पसार चुका है. ऐसे में चिंता है कि क्या कोरोना की तीसरी लहर का शिकार बच्चे बनेंगे. दरअसल, दुनिया भर के डॉक्‍टरों और हेल्‍थ एक्‍सपर्ट्स ने एक क्‍लीनिकल रिपोर्ट विश्‍व स्‍वास्‍थ्‍य संगठन (World Health Organisation) को सौंपी है. जिसमें कहा गया है कि दक्षिण अफ्रीका में 2 साल से ऊपर की उम्र वाले बच्‍चों के भर्ती होने की संख्‍या बढ़ी है. अमेरिका में हर दिन 1 लाख मामले कोरोना के रिकॉर्ड किए जा रहे हैं. वहीं एक हफ्ते में 1.33 लाख बच्चों के कोरोना पीड़ित पाए जाने से हड़कंप्प मच गया है. अमेरिकन एकेडमी ऑफ पीडियाट्रिक्स एंड द चिल्ड्रन हॉस्पिटल एसोसिएशन ने एक संयुक्त रिपोर्ट जारी करके यह जानकारी दी है.

तीसरी लहर की नजर बच्चों पर

अमेरिका में बच्चों में तेजी से बढ़ते कोरोना के मामलो ने सबकी नींद उड़ा दी है. आंकड़े के मुताबिक अमेरिका में इस समय कुल जितने संक्रमित मरीज मिल रहे हैं, उनमें 11 प्रतिशत बच्चे हैं. यूरोपीय स्कूलों में कोरोना क्लस्टर मिलने के कई मामले सामने आए हैं. ब्रिटेन, जर्मनी, फ्रांस, ग्रीस समेत कई देशों के स्कूलों में सामुदायिक संक्रमण के मामले आने से शिक्षक व बच्चों को आइसोलेट करना पड़ा है.

WHO ने क्या कहा?

दुनिया भर के डॉक्‍टरों और हेल्‍थ एक्‍सपर्ट्स ने एक क्‍लीनिकल रिपोर्ट विश्‍व स्‍वास्‍थ्‍य संगठन (World Health Organisation) को सौंपी है. उसमें कहा गया है कि कोरोना संक्रमित बच्चों के मामले व्यस्कों के मुकाबले ज्यादा सामने आ रहे हैं. WHO यूरोप के रीजनल डायरेक्टर डॉ. हैंस क्लूज ने कहा कहा यूरोप के कई देशों में बच्चों में इंफेक्‍शन के मामले दो से तीन गुना बढ़ गए हैं. हालांकि बच्चों को कम गंभीर संक्रमण का सामना करना करना पड़ेगा.

भारत के लिए खतरे की घंटी

जिस तेजी से कोरोना कई देशों के बच्चों को अपना निशाना बना रहा है उससे कहा जा सकता है कि कोरोना का नया वेरिएंट बच्चों के लिए खतरनाक है. भारत में अभी केवल 18 से ऊपर की उम्र वाले लोगों का ही वैक्‍सीनेशन हो रहा है.  ऐसे में भारत के लिए ये चिंता का विषय है. IMA ने भी चेतावनी दी है भारत वापस पहली की स्थिति में पहुंच गया है. अगर वक्त रहते उचित कदम नहीं उठाए गए तो हालात पहले से कहीं खराब हो सकते हैं. ओडिशा के जयपुर में आवासीय सरकारी छात्रावास में 9 छात्राएं कोविड पॉजिटिव मिली थी वहीं कर्नाटक में अब तक स्‍कूलों में 107 बच्चे और स्टाफ पॉजिटिव हो चुके हैं. तिरुपुर के धर्मपुर में मौजूद एक प्राइवेट स्‍कूल में 25 छात्र पॉजिटिव मिले हैं.